लखनौ मध्ये दिवाळी लक्ष्मीपूजन 2026
8 नोव्हेंबर 2026. खालील प्रत्येक वेळ त्या शहराच्या स्वतःच्या सूर्योदय, सूर्यास्त आणि तिथीवरून काढली आहे.
लक्ष्मीपूजन ही दिवाळीची मुख्य रात्र आहे, अमावस्येला साजरी होते, म्हणजे अमांत दिनदर्शिकेत आश्विन (उत्तरेकडील पौर्णिमांत दिनदर्शिकेत कार्तिक) चांद्रमास संपवणारी अमावस्या. दिवे लावले जातात आणि पुढील वर्षाच्या समृद्धीसाठी लक्ष्मी व गणेशाची पूजा केली जाते.
- तारीख
- 8 नोव्हेंबर 2026
- तिथी
- 8 नोव्हेंबर 2026, 11:30 AM ते 9 नोव्हेंबर 2026, 12:33 PM
- प्रदोष काळ
- 5:19 PM – 7:43 PM
- वृषभ लग्न
- 5:43 PM – 7:40 PM
- मुहूर्त
- 5:43 PM – 7:40 PM
- निशीथ काळ
- 11:24 PM – 12:16 AM (उद्या)
- सूर्योदय आणि सूर्यास्त
- 6:20 AM · 5:19 PM
तारीख आणि मुहूर्त कसे काढले जातात
लक्ष्मीपूजन त्या संध्याकाळी केले जाते ज्या वेळी अमावस्या प्रदोष काळ, म्हणजे सूर्यास्तानंतरची 144 मिनिटे, व्यापते. प्रदोषात, अमावस्या चालू असताना वृषभ लग्न, म्हणजे स्थिर रास उदित असताना पूजेची वेळ ठरवली जाते. मध्यरात्री पूजा करणाऱ्यांसाठी आम्ही निशीथ काळ, म्हणजे रात्रीच्या पंधरा मुहूर्तांपैकी आठवा, हेही देतो. हे सर्व प्रत्येक शहरासाठी काढले जाते.
अमावस्या दोन संध्याकाळी प्रदोषाला स्पर्श करत असल्यास कोणती घ्यावी यावर पंचांगांमध्ये मतभेद आहेत; ज्या संध्याकाळी ती अधिक काळ व्यापते ती आम्ही घेतो. प्रदोष कसा मोजला जातो आणि वृषभ लग्न आवश्यक आहे का यानुसारही प्रकाशित मुहूर्तांमध्ये फरक असतो, म्हणून वेळांची तुलना करताना पद्धत तपासा.
प्रत्येक शहरात दिवाळी लक्ष्मीपूजन 2026
| शहर | तारीख | प्रदोष काळ | वृषभ लग्न | मुहूर्त | निशीथ काळ |
|---|---|---|---|---|---|
| दिल्ली | 8 नोव्हेंबर 2026 | 5:31 PM – 7:55 PM | 5:55 PM – 7:51 PM | 5:55 PM – 7:51 PM | 11:39 PM – 12:31 AM (उद्या) |
| मुंबई | 8 नोव्हेंबर 2026 | 6:02 PM – 8:26 PM | 6:28 PM – 8:28 PM | 6:28 PM – 8:26 PM | 11:57 PM – 12:47 AM (उद्या) |
| बेंगळुरू | 8 नोव्हेंबर 2026 | 5:51 PM – 8:15 PM | 6:18 PM – 8:21 PM | 6:18 PM – 8:15 PM | 11:38 PM – 12:28 AM (उद्या) |
| हैदराबाद | 8 नोव्हेंबर 2026 | 5:42 PM – 8:06 PM | 6:09 PM – 8:09 PM | 6:09 PM – 8:06 PM | 11:34 PM – 12:25 AM (उद्या) |
| अहमदाबाद | 8 नोव्हेंबर 2026 | 5:58 PM – 8:22 PM | 6:23 PM – 8:21 PM | 6:23 PM – 8:21 PM | 11:58 PM – 12:49 AM (उद्या) |
| चेन्नई | 8 नोव्हेंबर 2026 | 5:40 PM – 8:04 PM | 6:07 PM – 8:10 PM | 6:07 PM – 8:04 PM | 11:27 PM – 12:17 AM (उद्या) |
| कोलकाता | 8 नोव्हेंबर 2026 | 4:55 PM – 7:19 PM | 5:21 PM – 7:19 PM | 5:21 PM – 7:19 PM | 10:54 PM – 11:46 PM |
| पुणे | 8 नोव्हेंबर 2026 | 5:59 PM – 8:23 PM | 6:25 PM – 8:25 PM | 6:25 PM – 8:23 PM | 11:53 PM – 12:43 AM (उद्या) |
| सुरत | 8 नोव्हेंबर 2026 | 5:59 PM – 8:23 PM | 6:25 PM – 8:24 PM | 6:25 PM – 8:23 PM | 11:57 PM – 12:48 AM (उद्या) |
| जयपूर | 8 नोव्हेंबर 2026 | 5:39 PM – 8:03 PM | 6:03 PM – 8:00 PM | 6:03 PM – 8:00 PM | 11:44 PM – 12:37 AM (उद्या) |
| लखनौ | 8 नोव्हेंबर 2026 | 5:19 PM – 7:43 PM | 5:43 PM – 7:40 PM | 5:43 PM – 7:40 PM | 11:24 PM – 12:16 AM (उद्या) |
| कानपूर | 8 नोव्हेंबर 2026 | 5:22 PM – 7:46 PM | 5:47 PM – 7:43 PM | 5:47 PM – 7:43 PM | 11:26 PM – 12:18 AM (उद्या) |
| नागपूर | 8 नोव्हेंबर 2026 | 5:34 PM – 7:58 PM | 6:00 PM – 7:59 PM | 6:00 PM – 7:58 PM | 11:32 PM – 12:23 AM (उद्या) |
| इंदूर | 8 नोव्हेंबर 2026 | 5:45 PM – 8:09 PM | 6:10 PM – 8:09 PM | 6:10 PM – 8:09 PM | 11:44 PM – 12:36 AM (उद्या) |
| भोपाळ | 8 नोव्हेंबर 2026 | 5:38 PM – 8:02 PM | 6:03 PM – 8:01 PM | 6:03 PM – 8:01 PM | 11:38 PM – 12:30 AM (उद्या) |
| पाटणा | 8 नोव्हेंबर 2026 | 5:04 PM – 7:28 PM | 5:29 PM – 7:26 PM | 5:29 PM – 7:26 PM | 11:07 PM – 11:59 PM |
| वडोदरा | 8 नोव्हेंबर 2026 | 5:56 PM – 8:20 PM | 6:21 PM – 8:20 PM | 6:21 PM – 8:20 PM | 11:55 PM – 12:46 AM (उद्या) |
| राजकोट | 8 नोव्हेंबर 2026 | 6:06 PM – 8:30 PM | 6:31 PM – 8:30 PM | 6:31 PM – 8:30 PM | 12:05 AM – 12:56 AM (उद्या) |
| वाराणसी | 8 नोव्हेंबर 2026 | 5:13 PM – 7:37 PM | 5:38 PM – 7:35 PM | 5:38 PM – 7:35 PM | 11:16 PM – 12:08 AM (उद्या) |
| चंदीगड | 8 नोव्हेंबर 2026 | 5:29 PM – 7:53 PM | 5:52 PM – 7:47 PM | 5:52 PM – 7:47 PM | 11:40 PM – 12:33 AM (उद्या) |
प्रश्न
लखनौ मध्ये दिवाळी लक्ष्मीपूजन 2026 मुहूर्त कधी आहे?
लखनौ मध्ये दिवाळी लक्ष्मीपूजन 2026 रविवार, 8 नोव्हेंबर 2026 रोजी आहे, आणि मुहूर्त 5:43 PM ते 7:40 PM पर्यंत आहे.
लक्ष्मीपूजन वृषभ लग्नात का केले जाते?
वृषभ ही स्थिर रास आहे, आणि स्थिर रास उदित असताना सुरू केलेली पूजा समृद्धी निघून न जाता टिकून राहते, असे पारंपरिकपणे मानले जाते.
निशीथ काळ म्हणजे काय?
रात्रीचा मध्य, सूर्यास्त ते पुढच्या सूर्योदयापर्यंतच्या पंधरा मुहूर्तांपैकी आठवा मानला जातो. काही जण या वेळी लक्ष्मीची, आणि बंगालमध्ये कालीची, पूजा करतात.